सरस्वती शिशु मंदिर के पूर्व छात्र ने दिग्विजय सिंह को भेजा कानूनी नोटिस, दी चेतावनी

सरस्वती शिशु मंदिर के पूर्व छात्र ने दिग्विजय सिंह को भेजा कानूनी नोटिस, दी चेतावनी

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट।  मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह (Digvijay Singh) को सरस्वती शिशु मंदिर  (Saraswati Shishu Mandir) के एक पूर्व छात्र ने कानूनी नोटिस भेजा है। पूर्व छात्र ने दिग्विजय सिंह द्वारा पिछले दिनों सरस्वती शिशु मंदिर और उसके छात्र छात्राओं के विषय में दिए गए बयान को घटिया बताया है।  उन्होंने दिग्विजय सिंह से सात दिन में माफ़ी मांगने की चेतावनी दी है।

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ, हिन्दू धर्म और उससे जुड़ी संस्थाओं पर अक्सर टीका टिप्पणी कर चर्चा में रहने वाले मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने इस बार सरस्वती शिशु मंदिर और उसके छात्र छात्राओं के खिलाफ बयान दिया है। दिग्विजय सिंह ने पिछले दिनों कहा था कि आरएसएस सरस्वती शिशु मंदिर के बच्चों में नफरत के बीज बोते हैं।

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दिग्विजय सिंह के इस बयान के बाद सरस्वती शिशु मंदिर में पढ़ने वाले छात्र और पूर्व छात्र आक्रोशित हैं। दिग्विजय सिंह द्वारा शिशु मंदिर के प्रति कहे गए शब्दों से आहत सरस्वती शिशु मंदिर शिवाजी नगर भोपाल के पूर्व छात्र एवं भाजपा प्रवक्ता पंकज चतुर्वेदी (Pankaj Chaturvedi) ने दिग्विजय सिंह को क़ानूनी नोटिस भेजा है ।

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अपने वकील के माध्यम से भेजे क़ानूनी नोटिस में पंकज चतुर्वेदी ने दिग्विजय सिंह से सात दिन में सरस्वती शिशु मंदिर और उसमें पढ़ने वाले छात्र छात्रों ( भैया-बहनों) से माफ़ी मांगने के लिए कहा है।  पंकज चतुर्वेदी ने चेतावनी दी है कि यदि दिग्विजय सिंह माफ़ी नहीं मांगते हैं तो वे उनके खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज कराऊंगा।

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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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